Explore All Exams at KGS

All Exams
Explore All Exams at KGS
Khan Sir Courses
Geography I Polity I History | World Map I Indian Map I Economics I Biology
UPSC & State PSC
UPSC I BPSC I UP-PSC I MP-PSC
State Exams
UP I Bihar I MP | Rajasthan
NEET | JEE | CUET
NEET | JEE | CUET
Defence Exams
NDA I CDS I CAPF I AFCAT I SSB I Agniveer
Police Exams
UP SI | Bihar SI | Delhi Police | UP Constable
SSC Exams
CGL I CPO I CHSL I MTS I SSC GD I Delhi Police
Foundation Courses
Physics I Chemistry I Biology I History I Geography I Polity I NCERT I Math I English | Map I Reasoning
Railway Exams
RRB | RPF
Teaching Exams
TET | Teaching | UGC
Banking Exams
SBI | RBI | IBPS
Engineering Exams
Civil | Electrical | Mechanical
UGC NET
UGC NET/JRF
News Highlights provides you with the best compilation of the Daily News Highlights taking place across the globe: National, International, Sports, Science and Technology, Banking, Economy, Agreement, Appointments, Ranks, and Report and General Studies
1.
एच-1बी व एल-1 वीजा विस्तार के लिए अमेरिका ने शुल्क लगाया
अमेरिका ने सोमवार को नए नियम जारी किए, जिनके तहत बड़े नियोक्ताओं को अपने कर्मचारियों के वीजा के विस्तार के लिए शुल्क देना पड़ेगा। एच-1बी आवेदनों के लिए 4000 डालर (3.81 लाख रुपए) और एल-1 आवेदनों पर यह 4500 डालर (4.29 लाख रुपए) अदा करना होगा। अभी तक यह शुल्क केवल शुरुआती एच-1बी और एल-1 आवेदनों या आवेदक के नौकरी बदलने की स्थिति में ही लागू होता था।
2.
होर्मुज जलमार्ग की नाकाबंदी से मंडरा रहा पर्यावरणीय खतरा
होर्मुज जलमार्ग के बंद होने के आर्थिक असर की काफी चर्चा हो रही है, लेकिन लंबे समय तक जहाजों की आवाजाही बाधित रहने से पैदा होने वाले पारिस्थितिक नुकसान के खतरे पर अब तक अपेक्षाकृत कम ध्यान दिया गया है। हालिया शोध के अनुसार, फरवरी से फारस की खाड़ी में खड़े 1,500 से अधिक वाणिज्यिक जहाज एक गंभीर पर्यावरणीय खतरा पैदा कर सकते हैं। लंबे समय तक स्थिर रहने के कारण इन जहाजों के बाहरी हिस्सों पर समुद्री जीवों और वनस्पतियों की परत, जिसे 'बायोफाउलिंग' कहा जाता है, जमा हो सकती है। यह खतरा तब और बढ़ सकता है जब होर्मुज जलमार्ग दोबारा खुलने के बाद ये जहाज अलग-अलग बंदरगाहों की ओर रवाना होंगे। इनके साथ ऐसे समुद्री जीव नए क्षेत्रों में पहुंच सकते हैं, जिससे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर जैव-सुरक्षा के लिहाज से एक तरह की 'सुपर स्प्रेडर' (तेजी से प्रसारित होने वाले) घटना पैदा होने की आशंका है।
3.
प्लास्टिक कणों से सेहत पर संकट
एक बार उपयोग में आने वाले प्लास्टिक से केवल हवा ही प्रदूषित नहीं हो रही, बल्कि यह मिट्टी और पानी को भी प्रदूषित कर रहा है। माइक्रोप्लास्टिक से जलीय जीव-जंतुओं और पक्षियों पर असर की वजह से उनकी कई प्रजातियां विलुप्त हो गई। उनमें नई तरह की बीमारियां हो रही हैं और इनकी उम्र में भी कमी देखी जा रही है। इसके अतिरिक्त समुद्र, नदियों और झीलों का जल कई तरह के प्रदूषण से ग्रस्त हो गया है। कस्बों और गांवों के कुओं तथा नहरों का जल भी प्लास्टिक और माइक्रोप्लास्टिक के कारण प्रदूषित हो गया है। इससे ग्रामीण और कस्बाई लोग कई प्रकार की बीमारियों से ग्रस्त हो गए हैं। एक अनुमान के मुताबिक नदियों और समुद्र तटों पर अरबों टन प्लास्टिक कचरा मौजूद है।
4.
अंतरिक्ष में बेकार उपग्रहों के टुकड़े बने खतरा
अंतरिक्ष में बढ़ते मलबे और उपग्रहों की भीड़ पर ब्रिटेन की चिलबोल्टन वेधशाला नजर रख रही है। पृथ्वी की कक्षा में 46 हजार से अधिक मलबे के टुकड़े मौजूद हैं, जो सक्रिय उपग्रहों के लिए खतरा बने हुए हैं। इस के कारण वैज्ञानिकों ने भविष्य में उपग्रहों की टक्कर और नए मलबे की आशंका जताई है। वैज्ञानिक अंतरिक्ष मलबे के साथ पृथ्वी के पास आने वाले क्षुद्रग्रहों और धूमकेतुओं पर भी नजर रख रहे हैं।
5.
कितना असर मध्य-पूर्व में भारत की कूटनीति पर
सऊदी अरब, पाकिस्तान और तुर्किये ने मक्का में रक्षा समझौते पर हस्ताक्षर किए हैं। इसके तहत किसी एक देश पर हमले को तीनों देशों पर हमला माना जाएगा। इस समझौते को मध्य-पूर्व में नए गठबंधन की कवायद माना जा रहा है। जानकारों का मानना है कि मिस्र, कतर, सीरिया और संयुक्त अरब अमीरात जैसे देश भी आगे चलकर इस समूह में शामिल हो सकते हैं, जिससे पाकिस्तान के आर्थिक समझौते ज्यादा प्रभावी होंगे। इस समझौते को लेकर भारत कूटनीतिक स्तर पर मंथन शुरू हो गया है। सऊदी अरब से भारत के मजबूत कारोबारी संबंध हैं। पाकिस्तान के साथ तनावपूर्ण संबंध हैं। तुर्किये से समीकरण अच्छे नहीं रहे।
6.
पहली बार लाल किले से गाया जाएगा 'वंदे मातरम्'
स्वतंत्रता दिवस के 80वें समारोह के तहत पहली बार लाल किले की प्राचीर से 'वंदे मातरम्' गाया जाएगा। रक्षा सचिव आरके सिंह ने बताया कि 2026 में 'वंदे मातरम्' के 150 साल पूरे हो रहे हैं। आजादी की लड़ाई के दौरान लाखों लोगों को प्रेरित करने वाले इस राष्ट्रीय गीत को, इसकी यादगार विरासत के सम्मान में पहली बार लाल किले की प्राचीर से गाया जाएगा।
7.
ट्राइ ने 1601 श्रृंखला का नंबर जारी किया, कहा कंपनियों के नाम से धोखाधड़ी की घटनाओं पर लगेगी लगाम
दूरसंचार नियामक ट्राइ ने सोमवार को बैंकिंग, वित्तीय सेवाओं एवं बीमा (बीएफएसआइ) तथा सार्वजनिक क्षेत्र के अलावा अन्य क्षेत्रों की सेवा और लेनदेन संबंधी काल के लिए अलग 1601 नंबर श्रृंखला के इस्तेमाल का निर्देश दिया। ट्राइ का कहना है कि नई नंबर श्रृंखला से जालसाजों द्वारा सामान्य 10 अंक के मोबाइल नंबर का इस्तेमाल कर कंपनियों के नाम पर धोखाधड़ी करने की घटनाओं पर अंकुश लगाने में मदद मिलेगी। साथ ही उपभोक्ता आसानी से पहचान सकेंगे कि काल किसी वास्तविक सेवा प्रदाता की है। चरणबद्ध तरीके से विभिन्न सेवाओं के लिए 1601 श्रृंखला का इस्तेमाल किया जाएगा।
8.
'नए साक्ष्य कानून से कोर्ट में मान्य होंगे डिजिटल-इलेक्ट्रानिक रिकार्ड'
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने सोमवार को राज्यसभा में कहा कि बैंकों के बही साक्ष्य संबंधी प्रस्तावित कानून के लागू होने के बाद बैंकों के लेनदेन संबंधी डिजिटल या इलेक्ट्रानिक रिकार्ड की प्रमाणित प्रति कोर्ट में मान्य हो सकेगी। उच्च सदन में बैंककार बही साक्ष्य विधेयक, 2026 पर चर्चा का जवाब देते हुए वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार में कारोबार की सुविधा के लिए कई औपनिवेशिक कानूनों को हटाया गया और कई में बदलाव किया गया है।
9.
उप स्वास्थ्य व आयुष्मान केंद्र बनाने में बिहार-आंध्र प्रदेश पीछे
आपातकालीन स्वास्थ्य सुविधाओं को मजबूत करने व महामारी जैसी स्थिति से निपटने के लिए उप-स्वास्थ्य केंद्र-आयुष्मान आरोग्य मंदिर (एचएससी-एएएम) को बनाने में बिहार और आंध्र प्रदेश सबसे पीछे हैं। देशभर के 11 राज्यों में कुल 11001 एचएससी-एएएम बनाए जाने हैं। इसमें सबसे ज्यादा संख्या बिहार में हैं। यहां 2546 केंद्र बनाए जाने हैं। इनमें से केवल 8.83 फीसद ही कार्यशील हैं। जबकि आंध्र प्रदेश में सबसे कम 1.14 फीसद केंद्र ही कार्यशील हो पाए।
10.
वैज्ञानिकों ने उत्तरी बंगाल की खाड़ी के ऊपर ओजोन की असामान्य परत का पता लगाया
वैज्ञानिकों ने उत्तरी बंगाल की खाड़ी के ऊपरी वायुमंडल में ओजोन की असामान्य रूप परत का पता लगाया है। इस खोज से शोधकर्ताओं को यह समझने में मदद मिलेगी कि वायु धाराएं समताप मंडल के जरिए ओजोन का किस तरह परिवहन करती हैं। वैज्ञानिकों का कहना है कि खाड़ी के स्तर से महज तीन किलोमीटर से भी कम ऊंचाई पर ओजोन की मौजूदगी अगर लंबे समय तक बनी रही तो तटीय इलाकों में रहने वालों के फेफड़े सहित सेहत को लेकर कई परेशानियां पैदा हो सकती हैं। ओजोन परत, जो सूर्य से आने वाली हानिकारक पराबैंगनी विकिरण को अवशोषित करके पृथ्वी पर जीवन की रक्षा करती है, सामान्य तौर पर करीब 25-30 किलोमीटर की ऊंचाई पर अपनी अधिकतम सांद्रता तक पहुंचती है।
11.
कोलंबिया में 7.4 तीव्रता का भूकम्प, 47 की मौत
लातिन अमेरिकी देश कोलंबिया में सोमवार को 7.4 तीव्रता के जोरदार भूकम्प में 47 लोगों की मौत हो गई, जबकि कई लोगों के मलबे के नीचे फंसे होने की आशंका है। यूएसजीएस और कोलंबिया की संबंधित एजंसी ने बताया कि भूकम्प का केंद्र सैन होजे डेल पाल्मार में था। यह जगह कोलंबिया की राजधानी बोगोटा से लगभग 400 किलोमीटर पश्चिम में चोको क्षेत्र में है। भूकम्प का केंद्र सतह से 107 किलोमीटर की गहराई पर था।
12.
'विदेशी निधि को विनियमित करना अहम कदम, अमेरिका में भी ऐसे ही कानून'
अमेरिका में भारत के राजदूत विनय मोहन क्वात्रा ने कहा कि विदेशी योगदान (विनियमन) अधिनियम में किए गए बदलाव का मकसद और अधिक पारदर्शिता लाना है। उम्मीद है कि संगठन तय प्रक्रिया के माध्यम से ही धन प्राप्त करेंगे।
13.
भारत ने संयुक्त राष्ट्र को दिए पांच मोर; एक सफेद, चार नीले
भारत ने संयुक्त राष्ट्र के जिनेवा स्थित कार्यालय (यूएनओजी) को पांच भारतीय मोर भेंट किए हैं, जिनमें एक दुर्लभ सफेद पंखों वाला मोर भी शामिल है। इसके साथ ही भारत ने दशकों पुरानी परंपरा को फिर से जीवित किया है। शुक्रवार को यहां आयोजित एक विशेष समारोह में संयुक्त राष्ट्र में भारत के स्थायी प्रतिनिधि अरिंदम बागची ने औपचारिक रूप से पांचों मोर यूएनओजी की महानिदेशक टाटियाना वालोवाया को सौंपे और भारत की समृद्ध प्राकृतिक विरासत और बहुपक्षीय सहयोग के प्रति उसकी प्रतिबद्धता को रेखांकित किया। इन पांच युवा मोरों में चार नीले मोर और एक सफेद पंखों वाला नर मोर शामिल है। जिन्होंने संयुक्त राष्ट्र से जुड़े नीले और सफेद रंगों को प्रदर्शित किया। भारत द्वारा यूएनओजी को मोर भेंट करने का यह दूसरा अवसर है।

Course Related Query:
Ask Your DoubtsStore Related Query:[email protected]NEET | JEE | CUET
NCERT Books
Resources
We love learning. Through our innovative solutions, we encourage ourselves, our teams, and our Students to grow. We welcome and look for diverse perspectives and opinions because they enhance our decisions. We strive to understand the big picture and how we contribute to the company’s objectives. We approach challenges with optimism and harness the power of teamwork to accomplish our goals. These aren’t just pretty words to post on the office wall. This is who we are. It’s how we work. And it’s how we approach every interaction with each other and our Students.
Come with an open mind, hungry to learn, and you’ll experience unmatched personal and professional growth, a world of different backgrounds and perspectives, and the freedom to be you—every day. We strive to build and sustain diverse teams and foster a culture of belonging. Creating an inclusive environment where every students feels welcome, appreciated, and heard gives us something to feel (really) good about.