You're all caught up—no notifications available.
Explore All Exams at KGS

All Exams
Explore All Exams at KGS
Khan Sir Courses
Geography I Polity I History | World Map I Indian Map I Economics I Biology
UPSC & State PSC
UPSC I BPSC I UP-PSC I MP-PSC
State Exams
UP I Bihar I MP | Rajasthan
NEET | JEE | CUET
NEET | JEE | CUET
Defence Exams
NDA I CDS I CAPF I AFCAT I SSB I Agniveer
Police Exams
UP SI | Bihar SI | Delhi Police | UP Constable
SSC Exams
CGL I CPO I CHSL I MTS I SSC GD I Delhi Police
Foundation Courses
Physics I Chemistry I Biology I History I Geography I Polity I NCERT I Math I English | Map I Reasoning
Railway Exams
RRB | RPF
Teaching Exams
TET | Teaching | UGC
Banking Exams
SBI | RBI | IBPS
Engineering Exams
Civil | Electrical | Mechanical
UGC NET
UGC NET/JRF
News Highlights provides you with the best compilation of the Daily News Highlights taking place across the globe: National, International, Sports, Science and Technology, Banking, Economy, Agreement, Appointments, Ranks, and Report and General Studies

1.
अमेरिका और पश्चिमी देशों के साथ बढ़ते रणनीतिक संबंधों के बावजूद भारत ब्रिक्स संगठन को लेकर न सिर्फ गंभीर है, बल्कि इसे मजबूत बनाने का भी जोरदार पक्षधर है। इसका एक और उदाहरण मंगलवार को ब्रिक्स देशों के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकारों (एनएसए) की बैठक में भारतीय एनएसए अजीत डोभाल के इस आह्वान से मिला, जिसमें उन्होंने मौजूदा वैश्विक अस्थिरता के परिप्रेक्ष्य में ब्रिक्स को अधिक महत्वपूर्ण भूमिका निभाने की बात कही। ब्रिक्स देशों के एनएसए की 16वीं बैठक मंगलवार को नई दिल्ली में संपन्न हुई। डोभाल ने बैठक की अध्यक्षता करते हुए अमेरिका-ईरान शांति समझौते का स्वागत किया और कहा कि होर्मुज स्ट्रेट के खुलने से वैश्विक ऊर्जा सुरक्षा मजबूत होगी एवं उर्वरक व अन्य जरूरी वस्तुओं की आपूर्ति में बाधाएं दूर होंगी।
2.
दलहन-तिलहन के क्षेत्र में आत्मनिर्भरता के लिए केंद्र सरकार खरीद व्यवस्था में बदलाव करने जा रही है। फसल का एक भी दाना व्यापारियों या बिचौलियों के जरिये नहीं खरीदा जाएगा। खरीद सीधे किसानों से की जाएगी। सरकार का मानना है कि जब किसानों को उनकी उपज का लाभकारी मूल्य मिलेगा, तब वे दलहन-तिलहन की खेती का रकबा बढ़ाने को प्रोत्साहित होंगे। सहकारिता एवं गृहमंत्री अमित शाह ने इस दिशा में पहल करते हुए मंगलवार को नेफेड के नए ई-आक्शन पोर्टल 'नाफेक्स डाट इन' की शुरुआत की। 'दृष्टि', एंटरप्राइज रिसोर्स प्लानिंग (ईआरपी) एवं 'नेफेड कल्याण' जैसी पहलें भी की गईं। इनका उद्देश्य खरीद, भंडारण, नीलामी और भुगतान प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी व जवाबदेह बनाना है। दो वर्षों में ऐसी व्यवस्था बन जाएगी, जिसमें राष्ट्रीय सहकारी उपभोक्ता महासंघ (एनसीसीएफ) राष्ट्रीय कृषि सहकारी विपणन संघ (नेफेड) दलहन की खरीद सीधे किसानों से करेंगे।
3.
प्रधान न्यायाधीश सूर्यकांत ने मंगलवार को कहा कि न्याय का प्रशासन असल में मानवीय प्रयास ही रहना चाहिए। एआइ जजों की मदद कर सकता है, लेकिन यह नतीजे तय नहीं कर सकता या न्यायिक विवेक का इस्तेमाल नहीं कर सकती। मास्को में रूसी सुप्रीम कोर्ट के चेयरमैन इगोर क्रास्नोव के साथ बैठक में जस्टिस सूर्यकांत ने कहा कि अगर प्रौद्योगिकी अदालत की क्षमताओं को बढ़ाती है, तो यह लोगों में निवेश है जो तय करता है कि उन क्षमताओं का कितना असरदार तरीके से इस्तेमाल किया जाता है। उन्होंने कहा कि संस्थानों का विकास हो सकता हैं, प्रौद्योगिकियां बदल सकती हैं और नई चुनौतियां सामने आ सकती हैं, लेकिन अदालतों का असल मकसद न्याय को ऐसे कायम रखना है जो जनता का भरोसा जीते।
4.
देश में मानसून की सुस्त रफ्तार और अलनीनो के बढ़ते प्रभाव ने खेती-किसानी को लेकर चिंता बढ़ा दी है। मौसम के मौजूदा संकेत बताते हैं कि बिहार, उत्तर प्रदेश समेत 12 राज्यों के 315 जिलों में सामान्य से कम बारिश हो सकती है, जिससे खरीफ फसलों पर असर पड़ने की आशंका है। इनमें 111 जिले ऐसे हैं जिन्हें उच्च प्राथमिकता की श्रेणी में रखा गया है, जहां सिंचाई सुविधाएं 25 प्रतिशत तक ही उपलब्ध हैं। संभावित सूखे की स्थिति को देखते हुए केंद्र और राज्य सरकारें सतर्क हो गई हैं। संवेदनशील क्षेत्रों के लिए आकस्मिक कृषि योजनाएं तैयार कर निगरानी तंत्र को सक्रिय कर दिया गया है।
5.
मध्य प्रदेश में समान नागरिक संहिता (यूसीसी) में लिव इन रिलेशनशिप को मान्यता देने की तैयारी के बीच इसका विरोध भी किया जाने लगा है। धर्मगुरुओं का कहना है कि लिव इन रिलेशनशिप को मान्यता समाज के हित में नहीं है। जमीयत उलेमा-ए-हिंद ने यूसीसी में लिव इन के प्रविधान शामिल करने का विरोध किया है। महिला आयोग की सदस्य साधना स्थापक का भी कहना है कि इसपर अलग से चर्चा होनी चाहिए। कम उम्र में बच्चे गलत निर्णय ले लेते हैं। इस मुद्दे पर अलग से समिति होनी चाहिए। एक सुझाव यह भी आया कि लिव इन के लिए 30 दिनों में रजिस्ट्रेशन की व्यवस्था हो। समिति की तैयारी है कि 30 जून तक प्रक्रिया पूरी कर पांच जुलाई तक बिल का प्रारूप तैयार कर सरकार को सौंपा जाए। सरकार की मंशा 20 जुलाई से प्रारंभ होने वाले विस के मानसून सत्र में प्रस्तुत करने की है।
6.
ब्रिटेन के लिए इस सप्ताह की शुरुआत प्रधानमंत्री पद से किएर स्टार्मर के इस्तीफे के साथ हुई। उनका इस्तीफा राजनीतिक नियति की चौंकाने वाली गति को ही दर्शाता है, क्योंकि दो साल पहले ही वे करीब दो दशकों बाद लेबर पार्टी की प्रचंड बहुमत के साथ सत्ता में वापसी के नायक बनकर उभरे थे। वैसे तो राजनीति का स्वरूप निर्मम ही कहा जाता है, लेकिन हाल के दौर में ब्रिटिश राजनीति में निर्ममता का यह भाव कहीं ज्यादा बढ़ा है और उसी के ताजा शिकार हुए हैं स्टार्मर। स्टार्मर के इस प्रकार पद छोड़ने की घटना ने देश की राजनीति में गहरी बुनियादी चुनौतियों को रेखांकित करने का ही काम किया है।
7.
राजस्थान का पिपलांत्री गांव देश का संभवतः इकलौता गांव है, जहां बेटियों के जन्म पर उत्सव के प्रतीक के रूप में 111 पौधे लगाने की परंपरा आज भी कायम है। राजसमंद जिले का यह गांव लैंगिक समानता और पर्यावरण संरक्षण की दिशा में सामुदायिक भागीदारी का अनोखा माडल प्रस्तुत कर रहा है। यह परंपरा एक सामाजिक आंदोलन बन चुका है, जो समाज की मानसिकता को बदलने का कार्य कर रही है।
8.
वैश्विक रैंकिंग के आईने में उच्च शिक्षा
9.
वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल और अमेरिकी समकक्ष जैमिसन ग्रीर ने मंगलवार को यहां द्विपक्षीय व्यापार समझौते (बीटीए) के पहले चरण से जुड़े मुद्दों पर बातचीत शुरू की। बैठक इस महीने की शुरुआत में दिल्ली में हुई मुख्य वार्ताकार स्तर की चर्चाओं के बाद हो रही है। दोनों पक्ष 24 जुलाई से पहले एक अंतरिम व्यापार समझौते को अंतिम रूप देने की कोशिश कर रहे हैं। उस समय तक व्यापारिक साझेदारों से होने वाले आयात पर अमेरिका का अस्थायी 10 प्रतिशत टैरिफ खत्म होने वाला है।
10.
अमेरिका ने ईरान के तेल क्षेत्र को लेकर एक अप्रत्याशित कदम उठाया है। वित्त मंत्रालय ने ईरानी कच्चे तेल, पेट्रोलियम उत्पादों से जुड़े लेनदेन के लिए 60 दिन की अस्थायी सामान्य लाइसेंस व्यवस्था जारी की है। इसके तहत उत्पादन, बिक्री, आपूर्ति, आयात के साथ शिपिंग, बीमा व बैंकिंग जैसी सेवाओं को भी सीमित अवधि के लिए अनुमति दी गई है। यह छूट 21 अगस्त तक प्रभावी रहेगी। हालांकि इसे प्रतिबंधों की स्थायी समाप्ति नहीं, बल्कि भरोसा बढ़ाने के कदम के रूप में माना जा रहा है। इसके बावजूद, वैश्विक तेल बाजार में अतिरिक्त आपूर्ति आने की संभावना से कच्चे तेल की कीमतों पर दबाव देखा गया। यदि ईरानी आपूर्ति बड़े स्तर पर बाजार में लौटती है और पश्चिम एशिया में तनाव घटता है, तो भारत को कम कीमत, बेहतर आपूर्ति विकल्प और अधिक मजबूत सौदेबाजी की स्थिति का लाभ मिल सकता है।
11.
चीन के विदेश मंत्री वांग यी ने कहा है कि भारत-चीन के लिए एक-दूसरे के प्रमुख हितों का सम्मान करना, संवेदनशील मुद्दों को सही ढंग से संभालना और सीमा मुद्दे को उचित स्थान पर रखना बहुत जरूरी है, ताकि इसका असर द्विपक्षीय संबंधों की समग्र स्थिति पर न पड़े।
12.
इलाहाबाद विश्वविद्यालय के वनस्पति विज्ञान विभाग के वरिष्ठ विज्ञानी डा. लाल जी सिंह ने अंडमान एवं निकोबार द्वीप समूह के घने जंगलों में बैंगन की एक नई प्रजाति की खोज की है। इसका नाम 'सोलनम पांडेई' रखा गया है, जो दिल्ली विश्वविद्यालय के प्रख्यात वनस्पति विज्ञानी प्रो. अरुण कुमार पांडेय के सम्मान में दिया गया है। इसमें बैंगनों में लगने वाले रोगों के प्रति असाधारण प्रतिरोधक क्षमता मिली है, जो अधिक उत्पादन वाली बैंगन की नई किस्में विकसित करने का रास्ता खोलेगी। अंडमान के जंगलों में खोजी गई यह प्रजाति स्थानीय समुदायों के लिए नई नहीं है। नेग्रिटो और ग्रेट अंडमानी जनजातियां लंबे समय से इसका उपयोग सब्जी और औषधीय उद्देश्यों के लिए करती रही हैं। द्वीपों में बसे समुदाय इसके पके फलों से खट्टी-मीठी चटनी बनाते हैं। फल के चमकीले नारंगी रंग के कारण स्थानीय लोग इसे नारंगी बैंगन के नाम से जानते हैं।
13.
चमोली की नीती घाटी के लपथल में छिपा है शालिग्राम का खजाना
चमोली जिले की नीती घाटी में चीन सीमा से लगे लपथल क्षेत्र में छिपा शालिग्राम जीवाश्म (फासिल्स) का खजाना अब देश-दुनिया की नजरों में आ गया है। यहां शालिग्राम पत्थर की मौजूदगी के कारण इसे जीवाश्म राष्ट्रीय उद्यान घोषित किए जाने की मांग हो रही है। शालिग्राम सिर्फ पत्थर नहीं, बल्कि यह करोड़ों वर्ष पुराना जीवाश्म है। विज्ञानी पहले ही इसे समुद्र के पहाड़ में परिर्वतन का गवाह बता चुके हैं।

Course Related Query:
Ask Your DoubtsStore Related Query:[email protected]NEET | JEE | CUET
NCERT Books
Resources
We love learning. Through our innovative solutions, we encourage ourselves, our teams, and our Students to grow. We welcome and look for diverse perspectives and opinions because they enhance our decisions. We strive to understand the big picture and how we contribute to the company’s objectives. We approach challenges with optimism and harness the power of teamwork to accomplish our goals. These aren’t just pretty words to post on the office wall. This is who we are. It’s how we work. And it’s how we approach every interaction with each other and our Students.
Come with an open mind, hungry to learn, and you’ll experience unmatched personal and professional growth, a world of different backgrounds and perspectives, and the freedom to be you—every day. We strive to build and sustain diverse teams and foster a culture of belonging. Creating an inclusive environment where every students feels welcome, appreciated, and heard gives us something to feel (really) good about.
Get Free academic Counseling & Course Details
